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नेपाल में विनाशकारी बाढ़ का कहर, 1,100 से अधिक शव बरामद; 4,500 लोग अब भी लापता

✍ Aslam Ansari◷ 03 Sep 2026, 06:52 PM⏱ 3 min read◉ 22 views
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काठमांडू। नेपाल में करीब एक सप्ताह पहले आई भीषण बाढ़ और भूस्खलन ने बड़े पैमाने पर तबाही मचा दी है। आपदा के बाद राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है। रेस्क्यू टीमों ने अब तक 1,100 से अधिक शव बरामद किए हैं, जबकि करीब 4,500 लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं। हालात को देखते हुए प्रभावित इलाकों में लोगों के सामने अपनों की तलाश और राहत का संकट बना हुआ है।

बताया गया है कि 26 अगस्त को चीन-नेपाल सीमा के पास ग्लेशियर ढहने के बाद अचानक भारी मात्रा में बर्फीला पानी, चट्टानें और मलबा तेज बहाव के साथ नीचे आया। इस तेज बहाव की चपेट में कई गांव और घर आ गए और देखते ही देखते बड़े स्तर पर नुकसान हो गया।

इस आपदा से नेपाल का ऊंचाई वाला रसुवा जिला सबसे ज्यादा प्रभावित बताया जा रहा है। यहां बाढ़ और भूस्खलन ने कई इलाकों में भारी तबाही मचाई है। राहत एवं बचाव दल प्रभावित क्षेत्रों में लगातार अभियान चला रहे हैं और लापता लोगों की तलाश की जा रही है।

सरकारी अधिकारी ध्रुबा प्रसाद अधिकारी ने स्थिति को “अकल्पनीय आपदा” बताया है। उनके मुताबिक प्रभावित लोग बेहद मुश्किल परिस्थितियों का सामना कर रहे हैं।

वहीं, लापता लोगों के परिवारों में अपनों के सुरक्षित लौटने की उम्मीद लगातार कमजोर होती जा रही है। इसी के चलते कई परिवारों ने बुधवार को अपने लापता परिजनों के लिए प्रतीकात्मक अंतिम संस्कार किया। यह दृश्य आपदा की भयावहता और परिवारों के दर्द को बयां कर रहा है।

राहत और बचाव अभियान के बीच अब भी हजारों लोगों के लापता होने से प्रशासन के सामने बड़ी चुनौती बनी हुई है।

Aslam Ansari
लेखक / संवाददाता

Aslam Ansari

Hind Ka Paigam के लेखक और समाचार संवाददाता द्वारा प्रकाशित रिपोर्ट।

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