▣ Tuesday, 20 October 2026  |  02:23 AM IST
हमें फॉलो करें:
📍 भारत ☀ 32°C
Crime

सिसैया खुर्द में ग्रामीणों की पिटाई के आरोप से गरमाया मामला, पांच पुलिसकर्मी निलंबित

✍ Aslam Ansari◷ 17 Sep 2026, 01:20 PM⏱ 5 min read◉ 282 views
2SHARES282VIEWS

 

लखीमपुर खीरी: धौरहरा कोतवाली क्षेत्र के सिसैया खुर्द गांव में खराब रास्ते, कीचड़ और जलभराव की समस्या को लेकर शुरू हुआ ग्रामीणों का विरोध अब पुलिस कार्रवाई के आरोपों के चलते गंभीर विवाद में बदल गया है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि विधायक और ग्राम प्रधान के खिलाफ धरना-प्रदर्शन तथा नारेबाजी के बाद सोमवार देर रात पुलिस गांव पहुंची और कई घरों में घुसकर महिलाओं, बच्चों, बुजुर्गों समेत ग्रामीणों के साथ मारपीट की। मामले में सामने आई रिपोर्टों के मुताबिक 16 ग्रामीण घायल हुए हैं, जिन्हें धौरहरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में उपचार दिया गया।

 

ग्रामीणों का कहना है कि सिसैया खुर्द में लंबे समय से रास्तों की स्थिति खराब है। बारिश के बाद सड़क पर कीचड़ और जलभराव के कारण लोगों को घरों तक आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इसी समस्या को लेकर ग्रामीणों ने प्रदर्शन किया था और धौरहरा विधायक विनोद शंकर अवस्थी तथा ग्राम प्रधान के खिलाफ नारेबाजी की थी। इससे पहले ग्रामीणों ने गांव में ‘नो वर्क, नो वोट’ जैसे पोस्टर लगाकर भी विकास कार्यों को लेकर नाराजगी जताई थी।

 

ग्रामीणों का आरोप है कि प्रदर्शन के बाद पुलिस बल देर रात गांव पहुंचा और कई घरों में घुसकर लोगों के साथ मारपीट की। उनका यह भी दावा है कि कार्रवाई के दौरान गांव की बिजली काट दी गई थी, जिससे घटना की तस्वीर या वीडियो सामने न आ सके। हालांकि बिजली काटे जाने और पुलिस द्वारा मारपीट किए जाने के आरोपों की जांच की जा रही है। धौरहरा क्षेत्र के पुलिस अधिकारी ने शुरुआती प्रतिक्रिया में कहा था कि मामले की जानकारी जुटाई जा रही है और उचित कार्रवाई की जाएगी।

घटना में महिलाओं और बच्चों के घायल होने के आरोपों ने मामले को और गंभीर बना दिया है। परिजनों ने छोटे बच्चों को चोट लगने के भी आरोप लगाए हैं। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि जांच के जरिए होना बाकी है। घायल ग्रामीणों को एंबुलेंस से धौरहरा सीएचसी ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें छुट्टी दिए जाने की जानकारी सामने आई है।

 

मामले के सामने आने के बाद ग्रामीणों ने अधिकारियों से मुलाकात कर निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की। रिपोर्टों के अनुसार मामले की जांच एएसपी स्तर पर की जा रही है। वहीं 17 सितंबर की रिपोर्ट के मुताबिक पुलिस अधीक्षक ने पांच पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया है।

 

इस पूरे घटनाक्रम में एक तरफ ग्रामीण खराब सड़क और मूलभूत सुविधाओं की समस्या के समाधान की मांग कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर पुलिस कार्रवाई को लेकर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। अब जांच के जरिए यह स्पष्ट होना बाकी है कि घटना की वास्तविक परिस्थितियां क्या थीं और किस स्तर पर नियमों का उल्लंघन हुआ। ग्रामीणों की मांग है कि दोषियों की जिम्मेदारी तय करने के साथ गांव की सड़क और जलभराव की समस्या का भी स्थायी समाधान कराया जाए।

Aslam Ansari
लेखक / संवाददाता

Aslam Ansari

Hind Ka Paigam के लेखक और समाचार संवाददाता द्वारा प्रकाशित रिपोर्ट।

संबंधित खबरें

Health

सड़कों पर आवारा पशुओं का दर्दनाक मंजर, आखिर कब जागेगा प्रशासन?   सोशल मीडिया पर सामने आने वाले…

◷ 12 Oct 2026◉ 221
पूरी खबर पढ़ें →
मुंबई के मुलुंड ईस्ट में लेबर कैंप में भीषण आग, 7 गैस सिलेंडर फटे; सभी लोग सुरक्षित निकाले गए
दुर्घटना

मुंबई के मुलुंड ईस्ट में लेबर कैंप में भीषण आग, 7 गैस सिलेंडर फटे; सभी लोग सुरक्षित निकाले गए

  मुंबई: महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई के मुलुंड ईस्ट इलाके में गुरुवार को बीएमसी के पीएपी (प्रोजेक्ट अफेक्टेड…

◷ 09 Oct 2026◉ 156
पूरी खबर पढ़ें →
बाराबंकी: चेकिंग टीम को देखते ही चलती ट्रेन से कूदे बेटिकट यात्री, 371 पकड़े गए
दुर्घटना

बाराबंकी: चेकिंग टीम को देखते ही चलती ट्रेन से कूदे बेटिकट यात्री, 371 पकड़े गए

  बाराबंकी। उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले में रेलवे की टिकट चेकिंग के दौरान उस समय अफरा-तफरी मच…

◷ 07 Oct 2026◉ 222
पूरी खबर पढ़ें →

ताजा खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाएं

Hind Ka Paigam की टॉप खबरें अपने इनबॉक्स में पाएं